आशा कार्यकर्ताओं का ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षण संपन्न

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फाजिल्का, 29 नवम्बर:

ब्लॉक स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ाने के लिए स्वास्थ्य विभाग के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत विस्तारित सेवा पैकेजों में मानसिक स्वास्थ्य, न्यूरोलॉजी, मादक द्रव्यों के सेवन विकार, उपशामक और जराचिकित्सा देखभाल को शामिल करने के लिए आशा को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। कार्यकर्ताओं को डॉ. सिविल सर्जन फाजिल्का डॉ. कविता सिंह के निर्देश व सीएचसी खुईखेड़ा के एसएमओ डॉ. विकास गांधी के नेतृत्व में आशा कार्यकर्ताओं को इन विषयों पर मास्टर ट्रेनरों द्वारा प्रशिक्षण दिया गया जिसका लाभ भविष्य में आम लोगों को मिलेगा।

मास्टर ट्रेनर व  ब्लॉक एजुकेटर सुशील कुमार ने कहा कि शारीरिक रूप से स्वस्थ होने के साथ- साथ मानसिक रूप से स्वस्थ होना भी बेहद जरूरी है। इस प्रशिक्षण में आशा कार्यकर्ताओं को मानसिक स्वास्थ्य, मादक द्रव्यों के सेवन विकारों, उपशामक और बुजुर्गों की देखभाल के महत्व के बारे में जागरूकता और प्राथमिक उपचार के क्षेत्र में प्रशिक्षित किया गया। उन्होंने कहा कि मौजूदा तनावपूर्ण माहौल और गलत जीवनशैली ने लोगों की मानसिकता को काफी प्रभावित किया है। प्रशिक्षण के दोरान ब्लॉक एजुकेटर सुशील कुमार व ज़िला कम्यूनिटी मोब्लाइज़र विनीता ने बताया कि लोग अक्सर मानसिक परेशानी के बारे में बात करने से झिझकते हैं, जो कि गलत है. मानसिक स्वास्थ्य के बारे में अधिक से अधिक लोगों को जागरूक किया जाना चाहिए और इसके बारे में फैली भ्रांतियों को दूर किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मानसिक बीमारी से पीड़ित व्यक्ति कभी- कभी इतना असहज हो जाता है कि वह अपनी समस्या के बारे में किसी को बताने से हिचकिचाता है। उन्होंने कहा कि मानसिक रूप से बीमार होने से व्यक्ति की याददाश्त, दैनिक गतिविधियों, स्वभाव पर असर पड़ता है। मास्टर ट्रेनर बीसीसी सुखदेव सिंह व सीएचओ गुरविंदर सिंह ने मानसिक बीमारी के लक्षणों पर भी प्रकाश डाला और कहा कि बार- बार अवसाद, बार- बार मूड बदलना, घबराहट और डर और स्वभाव और मूड में बदलाव को गंभीरता से लेना चाहिए। इस अवसर पर प्रखंड की आशा पर्यवेक्षक, आशा कार्यकर्ता एवं अन्य स्वास्थ्य कर्मचारी उपस्थित थे।