अमृतसर में सीमा-पार तस्करी मॉड्यूल से जुड़े दो भाई आईईडी सहित गिरफ्तार

गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी पाकिस्तान-आधारित हैंडलर के संपर्क में थे: डीजीपी गौरव यादव

गिरफ्तार किये गये व्यक्ति क्षेत्र में आतंकी हमला करने की बना रहे थे योजना: डीआईजी बॉर्डर रेंज संदीप गोयल

फॉरेंसिक टीमों ने आईईडी को सफलतापूर्वक किया निष्क्रिय: एसएसपी सुहैल कासिम मीर

अमृतसर, 26 नवंबर 2025

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चल रही मुहिम के दौरान, खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुये अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने दो व्यक्तियों को इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) और दो मोबाइल फोन सहित गिरफ्तार कर सीमा-पार तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है। यह जानकारी आज यहां पंजाब के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।

गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान आकाशदीप सिंह उर्फ आकाश और युवराज सिंह के रूप में हुई है। यह व्यक्ति दोनों भाई हैं और अमृतसर के गांव रणीके के निवासी हैं। आईईडी और मोबाइल फोन बरामद करने के अलावा, पुलिस टीमों ने उनका मोटरसाइकिल भी जब्त किया है, जिसका उपयोग वे आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने के लिए कर रहे थे।

डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि ये दोनों एक पाकिस्तान-आधारित हैंडलर के संपर्क में थे, जिससे इस साजिश के पीछे सीमा-पार के मजबूत संबंधों का खुलासा होता है। उन्होंने कहा कि इस मामले के अगले-पिछले संबंधों को उजागर करने के लिए आगे की जांच जारी है।

अधिक जानकारी देते हुए, डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल आफ पुलिस (डीआईजी) बॉर्डर रेंज संदीप गोयल ने बताया कि गिरफ्तार किये गये दोनों व्यक्ति सीमावर्ती राज्य में शांति और सद्भावना को भंग करने के उद्देश्य से क्षेत्र में आतंकी हमला करने की साजिश रच रहे थे। उन्होंने आगे बताया कि पुलिस टीमें आरोपियों से गहराई से पूछताछ कर रही हैं, ताकि उनके हैंडलरों की पहचान की जा सके और मॉड्यूल के अन्य सदस्यों की भूमिका का पता लगाया जा सके।

इस ऑपरेशन के बारे में बताते हुए, अमृतसर ग्रामीण के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) सुहैल कासिम मीर ने कहा कि खुफिया सूचना पर कार्रवाई करते हुए, अमृतसर ग्रामीण की स्पेशल सेल की टीम ने दोनों संदिग्धों को हिरासत में लिया और उनके कब्जे से आईईडी बरामद की। उन्होंने बताया कि मौके पर फॉरेंसिक टीमों को बुलाया गया, जिन्होंने आईईडी को निष्क्रिय कर दिया।

इस संबंध में, एफआईआर संख्या 386 दिनांक 25/11/2025 थाना घरींडा, अमृतसर ग्रामीण में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की धारा 3, 4 और 5 तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 113 के तहत दर्ज की गई है।